आलोट/दुर्गाशंकर पहाड़िया। आलोट विधानसभा क्षेत्र में प्रशासनिक कार्यशैली और भ्रष्टाचार की शिकायतों को लेकर विधायक डॉ. चिंतामणि मालवीय ने अधिकारियों को दो टूक चेतावनी दी। समीक्षा बैठक में विधायक ने कड़े शब्दों में कहा कि आमजन से जुड़े मामलों में यदि नामांतरण, भूमि कब्जा, खेत पहुंच मार्ग, अतिक्रमण या अन्य राजस्व प्रकरणों में भ्रष्टाचार अथवा अतिरिक्त वसूली की शिकायत सामने आई, तो संबंधित अधिकारी के खिलाफ सीधे कठोर कार्रवाई की जाएगी और जरूरत पड़ने पर सेवा से बर्खास्तगी तक की जाएगी।
विधायक ने कहा कि जनता को अनावश्यक रूप से भटकाने वाली प्रशासनिक संस्कृति अब नहीं चलेगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि निर्धारित शुल्क के अतिरिक्त एक रुपया भी वसूलने वाले अधिकारियों को किसी भी सूरत में संरक्षण नहीं मिलेगा। उन्होंने अधिकारियों से सवालिया लहजे में कहा कि जब कानून और समय-सीमा तय है, तो फिर सैकड़ों प्रकरण वर्षों से लंबित क्यों हैं।
बैठक में प्रस्तुत आंकड़ों के अनुसार SDM आलोट ने बताया कि 1181 प्रकरणों में से 217 अब भी लंबित हैं। आलोट तहसील में 2560 प्रकरणों में से 356 तथा ताल तहसील में 4503 प्रकरणों में से 655 प्रकरण अब तक लंबित हैं। इन आंकड़ों पर नाराजगी जताते हुए विधायक ने कहा कि यह स्थिति प्रशासनिक लापरवाही को दर्शाती है और इसका खामियाजा आमजन को भुगतना पड़ रहा है।
विधायक ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि नामांतरण, फौती नामांतरण एवं भूमि संबंधी मामलों का समयबद्ध, निष्पक्ष और पारदर्शी निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। शासकीय भूमि पर अतिक्रमण और खेत पहुंच मार्ग से जुड़े लंबित मामलों को प्राथमिकता के आधार पर सुलझाने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में विधानसभा क्षेत्र की 24 ग्राम पंचायतों की बस्तियों, खेड़ों और आबादी को शीघ्र ग्राम आबादी में शामिल करने की प्रक्रिया पूरी करने तथा प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत स्वीकृत 6187 आवासों को लेकर जमीनी स्तर पर प्रगति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
विधायक ने दो टूक कहा कि भविष्य में किसी भी अधिकारी की लापरवाही, अनुशासनहीनता या भ्रष्टाचार सामने आया, तो सीधे कार्रवाई की जाएगी। बैठक में जनपद पंचायत अध्यक्ष प्रतिनिधि कालू सिंह परिहार, नगर परिषद अध्यक्ष प्रतिनिधि अभिषेक जैन, SDM आलोट, ताल एवं आलोट तहसीलदार सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।